Sunday, April 15, 2018

जो तेरा है

जो तेरा है
तुझे स्वयम् ढूँढता आएगा
तू बस 
निश्चल,
निर्मल,
निर्भय 
रहना
आस और कर्मण्यता के बोहोत पास
और पाप से दूर ..
बोहोत दूर..
-मन

Saturday, September 2, 2017

तेरा नाम रेत पे

ख़ुद ना मिटा सका था तेरा नाम
रेत पे यूहीं लिखा छोड़ आया था

अपना दिल भी वही कही यूँही
तनहा छोड़ आया था

समंदर की लहरें अब
जो हिम्मत हो....सो करे

मैं तो पूरी कायनात को
तेरे नाम का रखवाला जोड़ आया था

ख़ुद ना मिटा सका था तेरा नाम
रेत पे यूहीं लिखा छोड़ आया था। 


जो मैं हूँ सच में

एक वो जो दुनिया समझती है के
मैं हूँ

और एक वो
जो मैं हूँ सच में

किसको जिलाऊँ  (जीवित रखूँ)
किसको मारूँ

इसी सोच में रोज़
तिल तिल मरा जा रहा हूँ मैं


मैं एक पगला सा बादल हूँ

मैं एक पगला सा बादल हूँ
फ़क़त एक आस में हूँ मैं
मिलोगी तो गले लगकर
ख़ूब बरसूँगा किसी रोज़। 


ख़्वाब एक नन्हा

तुम ख़ामोश...
मैं सुन रहा
ख़्वाब एक नन्हा
बुन रहा
मैं हूँ.. तुम भी हो
फूलों में रहो
काँटे मैं चुन रहा

-मअन 🌙🌹😊

नज़र भर के भी ना देखा मुझको

ताउम्र , दुनिया रहे दीवानी मेरी
तो क्या
जब तूने कभी नज़र भर के भी ना देखा मुझको

इकतरफ़ा ही सही

इकतरफ़ा ही सही
इश्क़ तो इश्क़..है ना
इसमें शायद तू ना हो
पर मैं तो बेहिसाब हूँ ना

तू अपनी जान
मुझको बस मेरा पता
इस जनम के लिए
बेहद..
बेपनाह...
बेसाख़्ता..
भरपूर, ये दर्द है ना

इकतरफ़ा ही सही
इश्क़ तो इश्क़..है ना
इसमें शायद तू ना हो
पर मैं तो बेहिसाब हूँ ना।

(अभी मूवी " ए दिल है मुश्किल" देखी
दिल को छू गयी
और ये शेर दिल से निकला)